सोनभद्र: बरसाती सीजन में जल दुर्घटनाओं पर लगाम लगाने के लिए प्रशासन अलर्ट, जलाशयों के किनारे लगाए जा रहे चेतावनी बोर्ड

(ऋषभ सिंह)सोनभद्र। बरसात के मौसम में नदियों, नहरों और जलाशयों में डूबने से होने वाली संभावित दुर्घटनाओं को रोकने के लिए जिला प्रशासन ने कमर कस ली है। जिलाधिकारी चर्चित गौड़ के निर्देशन में जनपद भर में ‘आपदा से बचाव’ का विशेष जन-जागरूकता अभियान शुरू किया गया है। इस मुहिम के जरिए ग्रामीणों, स्कूली बच्चों और आम नागरिकों को जल स्रोतों के निकट बरती जाने वाली सावधानियों के प्रति शिक्षित किया जा रहा है।
संवेदनशील स्थलों पर लग रहे चेतावनी बोर्ड अभियान के तहत प्रशासन ने उन सभी स्थलों को चिन्हित किया है जो बरसात के दौरान असुरक्षित हो जाते हैं। नदियों के तटों, नहरों, तालाबों और बांधों के किनारे ‘सावधानी’ और ‘चेतावनी’ बोर्ड लगाए जा रहे हैं।

इन बोर्डों के माध्यम से लोगों को जल स्रोतों से सुरक्षित दूरी बनाए रखने और संभावित खतरों के प्रति सचेत रहने का संदेश दिया जा रहा है। प्रशासन का मानना है कि इन साइन बोर्डों की मौजूदगी दुर्घटनाओं को कम करने में एक प्रभावी भूमिका निभाएगी।
गांव-गांव पहुंचेगी सुरक्षा की मुहिम जिलाधिकारी ने सभी संबंधित विभागों को निर्देशित किया है कि इस अभियान को केवल कागजों तक सीमित न रखें, बल्कि इसे ग्राम पंचायतों के अंतिम छोर तक पहुँचाया जाए। विद्यालय परिसरों और सार्वजनिक स्थानों पर पोस्टर, पंपलेट और मुनादी के माध्यम से लोगों को ‘क्या करें और क्या न करें’ (Do’s and Don’ts) की जानकारी दी जा रही है। विशेषकर बरसात में जलभराव वाले क्षेत्रों और तेज बहाव वाली नदियों के पास जाने से बचने की सलाह दी जा रही है।
बच्चों की सुरक्षा पर विशेष जोर प्रशासन ने अभिभावकों से अपील की है कि वे बरसात के मौसम में अपने बच्चों पर विशेष निगरानी रखें। जल स्रोतों के पास बच्चों का खेलना या अकेले जाना जानलेवा हो सकता है। जनसुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए जिलाधिकारी ने कहा, “हमारा उद्देश्य शून्य जनहानि है। इसके लिए समाज के हर व्यक्ति का जागरूक होना जरूरी है।” आपात स्थिति में तत्काल सूचना देने की अपील प्रशासन ने आम जनता से यह भी अनुरोध किया है कि यदि कोई व्यक्ति जल स्रोत के पास संकट में दिखे या किसी आपात स्थिति की जानकारी मिले, तो इसकी सूचना तुरंत स्थानीय प्रशासन को दें। त्वरित सूचना मिलने से समय रहते बचाव दल को भेजकर अनहोनी को टाला जा सकता है।

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