राहुल गुप्ता
सीखड़,मिर्जापुर। क्षेत्र के सीखड़ ब्लाक का आखिरी गांव धन्नूपुर पसियाही सबेसर मार्ग जो चुनार कछवा मार्ग 74 से जुड़ा हुआ है ।यह तीन चार गांवों को जाने वाली सड़क बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हो चुकी है। जबकि यह सड़क कुछ साल पहले बनाई गयी थी ।गांव के बिजया कुमार सिंह व बिमल कुमार सिंह का कहना है कि यह सड़क सीखड़ ब्लाक के चुनार तहसील और चुनार विधान सभा में आता है। सन् 2022के विधान सभा के चुनाव में इस गांवों के लोगो ने चुनाव का बहिष्कार कर दिया था । सड़क नहीं तो वोट नहीं। तब जाकर बनी , आज ऐसी स्थिति सड़क की हो गई है कि लगता ही नहीं कि यह कभी पिच वाली सड़क थी । नारायण यादव व महेश बिन्द का कहना है कि इस सड़क से प्रतिदिन दूध और सब्जी लेकर बाजार जाते हैं मोटरसाइकिल से ले जाते समय कितनी बार मोटरसाइकिल से पलट जाते हैं दूध गिर कर नष्ट हो जाता है और सारी सब्जियां किचड़ में सन् कर बेचने योग्य ही नहीं रह जाती। सुरेन्द्र कुमार सिंह ने बताया कि इस सड़क से सरकार को बहुत फायदा होता है फिर भी सरकार हमारे लोकप्रिय विधायक अनुराग सिंह का ध्यान ही जाता ।जब धन्नूपुर घाट से बालू खनन का ठेका था तब सरकार ने अच्छा राजस्व की वसूली की थी। लेकिन खनन से आज तक नहीं बन पाई । संतोष बिन्द व सुनील बिन्द का कहना है कि बरसात के दिनों में घुटने भर पानी में चलना पड़ता है पैदल भी चलना बड़ा मुश्किल है मोटरसाइकिल से कोसों दूर है । गर्मी में इतना धूल उड़ाता है कि आगे पीछे और सामने वाला भी दिखाई नहीं देता ।इस सड़क न बनने के कारण गांव वालों और क्षेत्रीय जनता में सरकार के प्रति बहुत आक्रोश है। प्रकाश सिंह ने विडियो के माध्यम से विधायक जी का ध्यान आकर्षित कराया था और बताया था कि कोई रात में सिरियस केस हो जाय तो मौत के मौत मारा जाएगा। सरकार की एम्बुलेंस भी सही गन्तव्य तक नहीं ले जा पाएगी।इस पत्र के माध्यम से विभागीय अधिकारियों से तथा सांसद और विधायक जी ध्यान आकर्षित करना है।जल्द से जल्द से इस सड़क का निराकरण कराने की कृपा करें ।ऐसा न हो की 2027 लोकसभा चुनाव में यह मुद्दा बीजेपी के लिए भारी पड़ जाय।

