रेनुकूट में बाल श्रम के खिलाफ बड़ी कार्रवाई, किशोर श्रमिक कराया मुक्त

पिपरी-मुर्धवा मार्केट में चला जागरूकता व रेस्क्यू अभियान, दुकानों-प्रतिष्ठानों की जांच कर संचालकों को दी सख्त हिदायत

सोनभद्र। बाल श्रम के खिलाफ जिला प्रशासन ने अभियान तेज कर दिया है। जिलाधिकारी सोनभद्र एवं उप श्रमायुक्त, मिर्जापुर क्षेत्र के निर्देश पर बुधवार को रेनुकूट-पिपरी-मुर्धवा मार्केट क्षेत्र में श्रम विभाग एवं Association for Voluntary Action के संयुक्त तत्वावधान में जागरूकता एवं रेस्क्यू अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान दुकानों एवं विभिन्न व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की जांच की गई।
जांच में मिला किशोर श्रमिक, कराया गया मुक्त
अभियान के दौरान एक प्रतिष्ठान में किशोर श्रमिक की पहचान हुई। टीम ने तत्काल रेस्क्यू कर उसे श्रम से मुक्त कराया। इसके बाद नियमानुसार अग्रिम कार्रवाई एवं पुनर्वासन की प्रक्रिया शुरू की गई। अधिकारियों ने प्रतिष्ठान संचालकों को बाल एवं किशोर श्रम से जुड़े कानूनी प्रावधानों की जानकारी देते हुए बच्चों से काम न कराने की स्पष्ट हिदायत दी।


व्यापारियों से मांगा सहयोग


अभियान के दौरान व्यापार मंडल की बैठक में भी अधिकारियों ने सहभागिता की। व्यापारियों से बाल श्रम मुक्त क्षेत्र बनाने में सक्रिय सहयोग की अपील की गई। अधिकारियों ने कहा कि बाल श्रमिकों के चिन्हांकन, रेस्क्यू और पुनर्वासन में प्रशासन एवं श्रम विभाग को आवश्यक सहयोग दिया जाए। बच्चों के हाथों में काम नहीं, किताबें हों : प्रशासन अधिकारियों ने कहा कि अभियान का उद्देश्य रेनुकूट-पिपरी-मुर्धवा मार्केट क्षेत्र को बाल श्रम मुक्त बनाना और बच्चों को सुरक्षित, शिक्षित एवं बेहतर भविष्य उपलब्ध कराना है। बाल श्रम के खिलाफ जागरूकता के साथ-साथ प्रवर्तन और रेस्क्यू की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
अभियान के जरिए प्रशासन ने साफ संदेश दिया कि बच्चों का भविष्य मजदूरी में नहीं, शिक्षा और विकास के अवसरों में है।

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