महंगी किताबें और ड्रेस की जबरन खरीद पर बीएसए व डीआईओएस सख्त, मान्यता रद्द करने की दी चेतावनी
सोनभद्र (जितेंद्र कुमार चन्द्रवंशी)। जनपद में नए शिक्षण सत्र की शुरुआत के साथ ही निजी स्कूलों द्वारा अभिभावकों के आर्थिक शोषण की शिकायतों पर शिक्षा विभाग ने कड़ा रुख अख्तियार कर लिया है। दुद्धी स्थित सेंट मैरी स्कूल में विशेष प्रकाशन की महंगी पुस्तकें और निर्धारित दुकानों से ही ड्रेस व किताबें खरीदने की बाध्यता पर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) और जिला विद्यालय निरीक्षक (DIOS) ने कड़ा नोटिस जारी किया है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर विद्यालय की मान्यता रद्द करने की कार्यवाही की जाएगी।
क्या है मामला:
विगत दिनों मीडिया और अभिभावकों के माध्यम से प्रशासन को अवगत कराया गया था कि सेंट मैरी स्कूल दुद्धी द्वारा किसी विशेष प्रकाशन की महंगी किताबें पाठ्यक्रम में लागू की गई हैं। आरोप है कि इन किताबों और स्कूल ड्रेस की बिक्री के लिए विद्यालय प्रबंधन ने कुछ दुकानों को चिन्हित किया है, जहाँ से सामान खरीदना अभिभावकों की मजबूरी बन गई है। इस “सिंडिकेट” के कारण अभिभावकों को बाजार दर से अधिक कीमत चुकानी पड़ रही थी।
प्रशासनिक निर्देश:
इस मामले को गंभीरता से लेते हुए जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी और जिला विद्यालय निरीक्षक ने संयुक्त रूप से आदेश जारी कर विद्यालय प्रबंधक व प्रधानाचार्य को चेतावनी दी है। विभाग ने सख्त लहजे में कहा है कि यदि विद्यालय परिसर या किसी चिन्हित दुकान से किताबें व ड्रेस बेचने की पुष्टि होती है, तो इसे गंभीर अनियमितता माना जाएगा।
होगी सख्त कार्यवाही:
प्रशासन ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि ऐसी गतिविधियों में संलिप्त पाए जाने पर संबंधित विद्यालय की मान्यता प्रत्याहरण (रद्द) करने की संस्तुति शासन को भेज दी जाएगी। इस कार्यवाही से उत्पन्न होने वाली किसी भी स्थिति की संपूर्ण जिम्मेदारी विद्यालय प्रबंधन की होगी।
शिक्षा विभाग की इस अचानक हुई सख्ती से जनपद के अन्य निजी स्कूलों में भी हड़कंप मचा हुआ है। वहीं, जिला प्रशासन की इस पहल का अभिभावकों ने स्वागत किया है।

