यूपी में सुशासन के 9 वर्ष: अपराध पर जीरो टॉलरेंस और विकास में नंबर-1 बना प्रदेश- राज्य मंत्री संजीव गौड़

सोनभद्र : प्रदेश सरकार के नव निर्माण के नौ वर्ष पर आयोजित प्रेस वार्ता में मा0 समाज कल्याण राज्य मंत्री श्री संजीव कुमार गौड़ ने प्रदेश सरकार के नौ वर्ष में किये विकास कीे रूप-रेखा प्रस्तुत करते हुए कहा कि प्रदेश में सुदृढ़ कानून व्यवस्था- अपराध तथा अपराधियों के विरुद्ध जीरो टॉलरेंस की नीति प्रभावी रूप से लागू। 7 बड़े महानगरों में पुलिस कमिश्नरेट की स्थापना के उपरांत पुलिसिंग, जनसमस्याओं के निस्तारण व अपराध नियंत्रण में गुणात्मक सुधार। वर्ष 2017 से अब तक एक भी सांप्रदायिक दंगा या जातिगत संघर्ष की घटना नहीं हुई। दुर्दात अपराधियों के विरुद्ध कार्यवाही में अब तक 267 अपराधी मुठभेड़ में मारे गये एवं 10,990 घायला 22,306 इनामी अपराधियों को जेल भेजा गया। 85,118 अपराधियों के विरुद्ध गैंगस्टर अधिनियम तथा 977 अपराधियों के विरुद्ध एनएसए की कार्यवाही। वर्ष 2016 की तुलना में वर्ष 2025 में अभूतपूर्व सुधार करते हुए यूपी-112 का रिस्पांस टाइम । घंटा 5 मिनट से घटाकर 06 मिनट 41 सेकेंड किया गया। प्रदेश के प्रत्येक थाने में मिशन शक्ति केंद्र की स्थापना। मिशन शक्ति केन्द्र के कार्य हेतु 40,000 पुलिसकर्मियों को प्रशिक्षण प्रदान किया गया। ITSSO पोर्टल के अनुसार महिला एवं बाल अपराधों के निस्तारण में 98.90 प्रतिशत के साथ उत्तर प्रदेश देश में प्रथम। पेंडेंसी रेट के आधार पर वर्तमान में 0.20 प्रतिशत के साथ प्रदेश का देश में प्रथम स्थान। 19,839 महिला पुलिस कर्मियों को नियुक्त करते हुए 9,172 महिला बीटों का आवंटन। वीमेन पावर लाइन 1090, ळ.त्.च्., फायर, महिला हेल्प लाइन 181 सेवा का एकीकरणा प्रत्येक जिले में एण्टी रोमियो स्क्वायड का गठन। महिला एवं बाल सुरक्षा संगठन 1090 का गठन। प्रत्येक जनपद में महिला थाना के अतिरिक्त एक अन्य थाने में महिला थानाध्यक्ष की तैनाती। तीन महिला च्.।.ब्. बटालियन का गठन, बलरामपुर, जालौन, मीरजापुर, शामली, बिजनौर में नई बटालियनों के गठन की प्रक्रिया गतिमान।

तकनीकी उन्नयन से प्रभावी पुलिसिंग- वरिष्ठ पुलिस अधिकारी सम्मेलन 2025 (पुलिस मंथन) में माननीय मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश द्वारा यक्ष एप का लोकार्पण किया गया। यक्ष एप एडवांस्ड आर्टिफिसियल इंटेलीजेंस तथा व्यापक आंकड़ा विश्लेषण की सहायता से तैयार किया गया, जो बीट बुक का डिजिटल स्वरूप है। यक्ष एप के माध्यम से प्रदेश के किसी भी जनपद में जघन्य एवं सनसनीखेज अपराधों को कारित करने वाले अपराधियों का उनके निवास थाने के आधार पर अभिलेखीकरण एवं निरंतर सत्यापन किया जा रहा। वर्ष 2017 (अप्रैल) से अब तक आरक्षी एवं समकक्ष, उपनिरीक्षक एवं समकक्ष तथा लिपिक संवर्ग के विभिन्न पदों पर कुल 2,19,199 भर्ती की गयी। होमगार्ड्स के रिक्त 41,424 पदों के सापेक्ष एनरोलमेन्ट की कार्यवाही प्रचलित। पुलिस भर्ती में महिलाओं के लिए 20ः पद आरक्षित। वर्तमान में 44,000 से अधिक महिलाएं उत्तर प्रदेश पुलिस बल का हिस्सा। उत्तर प्रदेश पुलिस की प्रशिक्षण क्षमता में वर्ष 2017 के सापेक्ष 10 गुना वृद्धि हुई है। वर्तमान में 60 हजार से अधिक पुलिसकर्मियों के प्रशिक्षण की क्षमता।।
सांस्कृतिक पुनरोत्थान का अमृतकाल 2025 में उत्तर प्रदेश में कुल 1 अरब 56 करोड़ से ज्यादा पर्यटक भ्रमण हेतु आये। उत्तर प्रदेश को घरेलू पर्यटक आगमन में प्रथम स्थान प्राप्त हुआ। कैलाश मानसरोवर की यात्रा पर जाने वाले तीर्थ यात्रियों को। लाख रुपये प्रति श्रद्धालु अनुदान दिये जाने की व्यवस्था। गाजियाबाद में कैलाश मानसरोवर भवन का निर्माण। सिंधी समाज के सिंधु दर्शन के तीर्थ यात्रियों के लिए 20 हजार रुपये प्रतियात्री अनुदान दिये जाने की व्यवस्था। बुजुर्ग संतों, पुरोहितों एवं पुजारियों के लिए विशेष बोर्ड गठन की कार्यवाही प्रक्रियाधीन जनपद सीतापुर के नैमिषारण्य में वेद विज्ञान केन्द्र की स्थापना। श्री अयोध्या जी तीर्थ विकास परिषद, श्री देवीपाटन धाम तीर्थ विकास परिषद, ब्रज तीर्थ विकास परिषद, विंध्य धाम तीर्थ विकास परिषद, श्री चित्रकूट धाम तीर्थ एवं नैमिषारण्य धाम तीर्थ विकास परिषद, श्री शुक तीर्थ विकास परिषद का गठन। मीरजापुर स्थित मां विन्ध्यवासिनी मन्दिर, मां अष्टभुजा मन्दिर व मां कालीखोह मन्दिर के परिक्रमा पथ के साथ मथुरा व संभल के तीर्थस्थलों को विकसित करने का कार्य गतिमान। श्रीकाशी विश्वनाथ धाम कॉरिडोर, अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि मंदिर निर्माण, अयोध्या दीपोत्सव, ब्रज रंगोत्सव, काशी की देव-दीपावली, नैमिष तीर्थ व शुक्र तीर्थ पुनरुद्धार, मां अन्नपूर्णा की प्रतिमा का 100 साल बाद पुनः प्रतिष्ठापन, सोरों-सूकर क्षेत्र विकास आदि अद्भुत कार्य। ललितपुर के श्लखरी मेला श्री दाऊजी महाराजश्, जनपद अयोध्या के श्मकर संक्रांति मेलाश् एवं श्बसंत पंचमी मेलाश्, जनपद बुलन्दशहर के श्कार्तिक पूर्णिमा गंगा स्नान मेला अनूपशहरश् तथा जनपद वाराणसी के देव दीपावली मेलाष् का प्रान्तीयकरण।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा दिसंबर, 2025 में राश्ट्र प्रेरणा स्थल, लखनऊ का उद्घाटन

आत्मनिर्भर युवा-निष्पक्ष एवं पारदर्शी प्रक्रिया के अन्तर्गत विभिन्न आयोगों एवं भर्ती बोर्ड द्वारा 9 लाख से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी। नवीन आउटसोर्सिंग पॉलिसी के माध्यम से कार्मिकों की सुरक्षा और व्यवस्था में पारदर्शिता के दृष्टिगत आउटसोर्सिंग सेवा निगम के गठन की कार्यवाही प्रक्रियाधीना अग्निवीरों के लिए यूपी पुलिस, च्।ब्, और फायर सर्विसेज में 20ः क्षैतिज आरक्षण। परीक्षाओं के शुचितापूर्ण आयोजन के लिए उप सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों का निवारण) कानून लागू अभ्यर्थियों की सहूलियत के लिए न्च्च्ैब् में एकल अवसरीय रजिस्ट्रेशन (व्ज्त्) व्यवस्था लागू। उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग का गठन एवं संचालना समूह श्ख (अराजपत्रित) एवं समूहग पदों की सीधी भर्ती में साक्षात्कार की व्यवस्था समाप्त। आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए राज्य सेवाओं में ऊर्ध्वाधर 10ः आरक्षण लागू। ऐसे विभाग जहां नियुक्ति सम्भव न हो, मृतक आश्रितों को अन्य विभागों में नियुक्ति की व्यवस्था। अधियाचन भेजने से पूर्व सभी विभागों को ऊर्ध्वाधर व क्षैतिज आरक्षण के मानकों का पालन अनिवार्य। उ. प्र. अधीनस्थ सेवा चयन बोर्ड द्वारा वर्ष 2017-2025 तक 53,011 अभ्यर्थियों का चयना उ. प्र. लोक सेवा आयोग द्वारा वर्ष 2017-2025 तक 47,377 अभ्यर्थियों का चयन। उत्तर प्रदेष अधीनस्थ सेवा चयन बोर्ड द्वारा आयोजित प्रारम्भिक अर्हता परीक्षा (च्म्ज्) की वैधता अब तीन वर्श तक बढ़ा दी गयी है।

प्रदेष की बेरोजगारी दर फरवरी, 2016 में 18 प्रतिषत थी। वर्तमान में 2.21 प्रतिषत है।

नवाचार-नवोन्मेशी प्रदेश- भारत सरकार द्वारा जारी श्स्टेट स्टार्टअप इकोसिस्टम रैंकिंगश् के 5वें संस्करण में उत्तर प्रदेश टॉप परफार्मर की कैटेगरी श्ए-। श् में सम्मिलित है। उत्तर प्रदेश भारत के चौथे विशालतम स्टार्टअप ईको सिस्टम के रूप में प्रतिष्ठिता वर्तमान में 21 हजार से अधिक स्टार्टअप पंजीकृत, इनमें से 50ः स्आर्टअप महिलाओं द्वारा संचालित। 76 इन्क्युबेटर, 08 यूनिकष्न।
तकनीक से ईज अष्फ लिविंग- आय, जाति और निवास प्रमाण पत्र सहित 24$ सेवायें ई-साथी मोबाइल एप पर उपलब्धा, 2066 ग्राम पंचायतों में आप्टिकल फाइबर केबल से इंटरनेट कनेक्टिविटी उपलब्ध। 20 लाख ग्रामीण और अर्ध-शहरी घरों तक हाई-स्पीड ब्रॉडबैंड इंटरनेट पहुंचाने के उद्देश्य से प्रोजेक्ट गंगा क्रियान्वित, 10,000 रोजगार अवसरों का सृजना नोएडारू देश का आईटी हब। कानपुरः ड्रोन हब के रूप में विकसित करने की कार्ययोजना। लखनऊः आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस हब के रूप में विकसित करने की कार्ययोजना। यमुना एक्सप्रेसवे क्षेत्र में उत्तर भारत की पहली सेमीकंडक्टर इकाई उत्तर प्रदेश में दीर्घकालिक और सुनियोजित विकास को गति देने के लिए ष्स्टेट ट्रांसफॉर्मेशन कमीशनष् का गठन किया गया है। प्रत्येक न्याय पंचायत में डिजिटल एंटरप्रेन्योर विकसित किए जाने की योजना। रोबोटिक्स हब के रूप में विकसित करने हेतु रोबोटिक्स मिशन का शुभारंभ। एआई के क्षेत्र में विकास हेतु उत्तर प्रदेश एआई मिशनश् का शुभारंभ। इण्डिया एआई मिशन के साथ राज्य की 49 आईटीआई में एआई लैब्स की स्थापना की प्रक्रिया जारी।

एम.एस.एम.ई का हब उत्तर प्रदेश- 96 लाख से अधिक सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम श्रेणी की औद्योगिक इकाइयों के साथ उत्तर प्रदेश देश का सबसे बड़ा एमएसएमई हब बन चुका है। मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान के तहत अब तक 1,47,312 लाभान्वित तथा 4,51,775 रोजगार सृजिता प्रतिवर्ष 1,00,000 नई सूक्ष्म इकाइयां स्थापित करने का लक्ष्य। मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना से अब तक 37,280 लोग लाभान्वित । ₹94,086 लाख की मार्जिन मनी जारी। 2,98,240 रोजगार सृजित। प्रधानमंत्री रोजगार सृजन के तहत वर्ष 2017-18 से अब तक 32,936 लाभान्विता ₹1,10,550 लाख की मार्जिन मनी वितरिता 2,63,488 रोजगार सृजिता एक जनपद एक उत्पाद योजना के तहत 20,396 व्यक्ति लाभान्विता ₹90,364 लाख की मार्जिन मनी वितरिता 3,26,473 रोजगार सृजित।

खादी एवं ग्रामोद्योग- मुख्यमंत्री ग्रामोद्योग रोजगार योजना, प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम, मुख्यमंत्री माटीकला रोजगार योजना, टूलकिट्स वितरण कार्यक्रम एवं अन्य योजनाओं के माध्यम से वर्ष 2017-18 से वर्ष 2024-25 की अवधि में 4,63,297 व्यक्तियों को रोजगार। कंबल उत्पादन केंद्र (खजनी, गोरखपुर) के आधुनिकीकरण को स्वीकृति।
रोषन प्रदेश- 2017 तक कुल 1,28,494 मजरों तक बिजली आपूर्ति थी। जिन्हें विस्तार देते हुए 2,94,818 मजरों को विद्युतीकृत किया गया। 100 प्रतिशत विद्युतीकरण। वर्ष 2012-17 की अवधि में लगभग 8.44 लाख विद्युत संयोजनों के सापेक्ष 2017 से अब तक 165 लाख विद्युत कनेक्शन निर्गत। नये संयोजन हेतु घरेलू उपभोक्ताओं के लिए झटपट पोर्टलश्। प्रदेश में समस्त स्रोतों से दिनांक 31.03.2022 तक कुल कमीशण्ड क्षमता 29,750 मे.वा. थी, जो 2509 मे.वा. बढ़कर वर्तमान में 32,259 मे.वा. हो गयी है। प्रदेश में उत्पादन क्षेत्र में वर्तमान में कुल अनुबन्धित क्षमता 55.860 मे.वा. है।
निवेष और रोजगार का नया युग- 09 वर्षों में ₹50 लाख करोड़ से अधिक के निजी निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए। 1.10 करोड़ रोजगार के अवसर सृजित होंगे। रिफॉर्म, परफॉर्म, ट्रांसफॉर्म के मंत्र के अनुरूप 34 सेक्टोरल पॉलिसीज लागू, सिंगल विडो सिस्टम निवेश सारथी पोर्टल बनाया गया। अब तक 04 ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी आयोजित, जिनके माध्यम से ₹15 लाख करोड़ से अधिक की परियोजनाएं धरातल पर उतारी गई। 60 लाख नौकरी के अवसर सृजित हुए। 6 लाख करोड़ की परियोजनाओं के साथ ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी / 5 प्रस्तावित। उत्तर प्रदेश इलेक्ट्रानिक्स विनिर्माण नीति 2017 के तहत 5 वर्षों हेतु निर्धारित ₹20 हजार करोड़ का निवेश लक्ष्य मात्र 3 वर्ष में ही अर्जित कर लिया गया।
उन्नत खेती, खुशहाल किसान- 9 क्लाइमेटिक जोन की विविधता से सम्पन्न उत्तर प्रदेश में वर्ष 2016-17 में कृषि एवं संबद्ध क्षेत्र से राज्य सकल घरेलू उत्पाद ₹2.96 लाख करोड़ था, जो वर्ष 2024-25 में बढ़कर ₹6.95 लाख करोड़ हो गया।2016-17 में प्रदेश की कृषि विकास दर 8ः थी जो वर्ष 2025-26 में बढ़कर 18ः हो गयी। उत्तर प्रदेश एक मात्र राज्य जहां कुल उपलब्ध भूमि के 76 प्रतिशत कृषि कार्य हेतु उपयोग किया जा रहा, 86 प्रतिशत से अधिक सिंचित भूमि का कवरेज। प्रति वर्ष 400 लाख टन फल एवं सब्जियों का उत्पादन करते हुए देश में प्रथम। कृषि सेक्टर के कायाकल्प के लिए विश्व बैंक के सहयोग से कृषि विकास एवं ग्रामीण उद्यमिता सुदृढ़ीकरण कार्यक्रम (यूपी एग्रीस) का शुभारम्भ। पूर्वांचल के 21 और बुन्देलखण्ड के 07 जिलों को प्रत्यक्ष लाभ।

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