सोनभद्र। उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. बबीता सिंह चौहान ने शुक्रवार को जनपद के सर्किट हाउस सभागार में जनसुनवाई की। इस दौरान उन्होंने महिला उत्पीड़न से जुड़े मामलों को गंभीरता से सुना और अधिकारियों को त्वरित न्याय सुनिश्चित करने के कड़े निर्देश दिए। कार्यक्रम में बेहतर कार्य करने वाली महिला आरक्षियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित भी किया गया।
लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों को चेतावनी
जनसुनवाई के दौरान डॉ. बबीता सिंह चौहान के साथ आयोग की सदस्य गीता विश्वकर्मा भी मौजूद रहीं। अध्यक्ष ने स्पष्ट किया कि महिलाओं की शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा: शिकायतों का निस्तारण समयबद्ध, निष्पक्ष और पारदर्शी होना चाहिए।
पीड़ित महिलाओं को त्वरित न्याय दिलाना प्रशासन की पहली प्राथमिकता है। समाज के विकास के लिए महिलाओं की सुरक्षा और सशक्तिकरण अनिवार्य है।
महिला पुलिसकर्मियों का बढ़ा मान
महिला सुरक्षा और सशक्तिकरण के क्षेत्र में सराहनीय कार्य करने वाली महिला आरक्षियों को मंच पर सम्मानित किया गया। सम्मानित होने वालों में मुख्य रूप से महिला हेड कांस्टेबल किरन यादव, महिला कांस्टेबल दीपा, उमावती, अंजली सरोज और अर्चना प्रशासनिक अमला रहा मौजूद। इस अवसर पर जिले के आला अधिकारी और जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे, जिनमें पुलिस अधीक्षक श्री अभिषेक वर्मा, क्षेत्राधिकारी डॉ. चारू द्विवेदी, एएचटीयू प्रभारी, महिला थाना रॉबर्ट्सगंज व दुद्धी की टीम तथा महिला सहायता प्रकोष्ठ के कर्मचारी शामिल थे।

