(नसीम सिद्दीकी)कोन/सोनभद्र। कोन थाना क्षेत्र के कचनरवा के अंतर्गत मधुरी गांव निवासी मजदूर सोनू कुमार पुत्र रामवृक्ष राम की महाराष्ट्र के नंदुरबार में निर्माणाधीन पांच मंजिला इमारत से गिरकर मौत हो गई। घटना के तीन दिन बाद गुरुवार को शव गांव पहुंचा तो परिजनों और रिश्तेदारों में कोहराम मच गया। शव लेकर पहुंची एंबुलेंस को ग्रामीणों ने घेर लिया और मृतक के आश्रित परिवार को 20 से 25 लाख रुपये मुआवजा दिलाने की मांग की। काफी देर तक चले बातचीत के बाद लिखित आश्वासन मिलने पर ग्रामीण शांत हुए। बताया गया कि सोनू कुमार करीब तीन माह पूर्व महाराष्ट्र के नंदुरबार में जंक्शन कंपनी प्राइवेट लिमिटेड के सब-कॉन्ट्रैक्टर एनजी मेनपावर सॉल्यूशन प्राइवेट लिमिटेड के माध्यम से हेल्पर के रूप में काम करने गए थे। काम के दौरान निर्माणाधीन पांच मंजिल इमारत से अचानक नीचे गिरने से वह गंभीर रूप से घायल हो गए। साथ काम कर रहे मजदूरों ने उन्हें तत्काल नजदीकी अस्पताल पहुंचाया, जहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। कंपनी ने दिया था मुआवजे का आश्वासन घटना के बाद साथ काम करने वाले मजदूरों ने कंपनी प्रबंधन से मुआवजे को लेकर बातचीत की। बताया गया कि कंपनी की ओर से 15 से 20 दिनों के भीतर मुआवजे की राशि मृतक के खाते में भेजने का आश्वासन दिया गया था। इसी बीच गुरुवार को शव गांव पहुंचने पर परिजनों और ग्रामीणों ने तत्काल मुआवजा दिए जाने की मांग शुरू कर दी। इस दौरान वेंडर सप्लायर की ओर से भी कंपनी से तत्काल कुछ धनराशि उपलब्ध कराने की मांग की गई, लेकिन कंपनी की ओर से बीमा प्रक्रिया का हवाला दिया जाता रहा। ग्रामीणों ने मृतक के परिवार की आर्थिक स्थिति को देखते हुए 20 से 25 लाख रुपये मुआवजा दिए जाने की मांग रखी। बाद में वीरेंद्र की ओर से मुआवजे की जिम्मेदारी लेने और लिखित आश्वासन दिए जाने के बाद ग्रामीणों का आक्रोश शांत हुआ।

