बाणसागर से 1.20 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा, सोनभद्र में प्रशासन अलर्ट

सोनभद्र। मध्य प्रदेश स्थित बाणसागर बांध से बुधवार रात 10:30 बजे आठ गेटों के जरिए करीब 1.20 लाख क्यूसेक अतिरिक्त पानी छोड़े जाने के बाद सोनभद्र जिला प्रशासन अलर्ट हो गया है। अतिरिक्त जल प्रवाह के गुरुवार देर शाम तक चोपन गेज साइट पर पहुंचने की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा एवं निगरानी की तैयारियां तेज कर दी हैं।
चोपन में जलस्तर और डिस्चार्ज को नियंत्रित रखने के लिए गुरुवार सुबह आठ बजे रिहंद बांध के दो अतिरिक्त गेट खोले जाने की कार्यवाही की गई। इसके बाद रिहंद बांध के कुल सात गेटों से करीब 77 हजार क्यूसेक पानी छोड़े जाने की योजना है। बाणसागर से आने वाले अतिरिक्त पानी के चोपन पहुंचने से पहले जल प्रवाह को संतुलित करने के लिए शाम पांच बजे तक रिहंद बांध के पांच गेट बंद कर केवल दो गेट खुले रखने की कार्रवाई की जाएगी।

नदी किनारे गांवों में बढ़ाई गई निगरानी

जलस्तर में संभावित वृद्धि को देखते हुए राजस्व, पुलिस एवं अन्य विभागों की टीमें नदी और आसपास के संवेदनशील क्षेत्रों का लगातार भ्रमण कर स्थिति का जायजा ले रही हैं। सोन नदी के किनारे बसे गांवों में ग्रामीणों को नदी के पास नहीं जाने तथा बढ़े हुए जलस्तर से दूर रहने के लिए जागरूक किया जा रहा है। प्रशासन ने विशेष रूप से बच्चों को नदी एवं जलभराव वाले क्षेत्रों के आसपास नहीं जाने देने की अपील की है। अधिकारियों द्वारा स्थानीय स्तर पर लोगों को आवश्यक सावधानियों की जानकारी भी दी जा रही है।

डीएम ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की

जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने जनपदवासियों से अपील की है कि सोन नदी, नालों और जलाशयों के आसपास अनावश्यक रूप से न जाएं। उन्होंने कहा कि बाणसागर से अतिरिक्त पानी छोड़े जाने के कारण सोन नदी के जलस्तर में वृद्धि की संभावना है, इसलिए नदी किनारे रहने वाले लोग विशेष सावधानी बरतें। डीएम ने कहा कि प्रशासन जलस्तर में होने वाले प्रत्येक बदलाव की लगातार मॉनिटरिंग कर रहा है। उन्होंने लोगों से प्रशासन के दिशा-निर्देशों का पालन करने और अफवाहों पर ध्यान न देकर केवल अधिकृत सूचनाओं पर भरोसा करने की अपील की।

चरणबद्ध जल प्रबंधन से खतरा टालने की कोशिश

जिला प्रशासन बाणसागर और रिहंद बांध से आने वाले जल प्रवाह को ध्यान में रखते हुए चरणबद्ध जल प्रबंधन कर रहा है। रिहंद बांध के डिस्चार्ज को नियंत्रित कर चोपन में सोन नदी के जलस्तर और प्रवाह में अचानक अत्यधिक वृद्धि को रोकने का प्रयास किया जा रहा है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और आवश्यकता पड़ने पर तत्काल आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। लोगों से अपील की गई है कि वे सतर्क रहें, प्रशासन का सहयोग करें और सुरक्षा की दृष्टि से नदी के आसपास जाने से पूरी तरह बचें।

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