दुद्धी (जितेंद्र कुमार चन्द्रवंशी)सोनभद्र। उत्तर प्रदेश सहकारी ग्राम विकास बैंक, शाखा दुद्धी के सेवानिवृत्त शाखा प्रबंधक रामनरेश रावत के सम्मान में होटल ग्रीन स्टार में भव्य विदाई समारोह आयोजित किया गया। समारोह में वक्ताओं ने उनके कार्यकाल की मुक्त कंठ से प्रशंसा करते हुए कहा कि उन्होंने विषम परिस्थितियों में भी बैंक को नई पहचान दिलाने का सराहनीय कार्य किया।
मुख्य अतिथि एवं बैंक के निदेशक राजेश कुमार मिश्र ने कहा कि केंद्र सरकार सहकारिता आंदोलन को गांव-गांव तक पहुंचाने के लिए लगातार प्रयासरत है। किसानों और काश्तकारों को सस्ती ब्याज दर पर ऋण उपलब्ध कराकर उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में सहकारी संस्थाएं महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। उन्होंने कहा कि रामनरेश रावत ने अपने कार्यकाल में समन्वय, मेहनत और ईमानदारी से दुद्धी शाखा को नई ऊर्जा प्रदान की, जो अनुकरणीय है।
विशिष्ट अतिथि शैलेंद्र सिंह (आरएम, एलडीबी बैंक) ने कहा कि विकसित भारत के संकल्प को साकार करने में सहकारिता की महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने बताया कि सरकार कृषि समृद्धि ऋण योजना के माध्यम से मात्र छह प्रतिशत ब्याज पर किसानों को ऋण उपलब्ध कराकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने का कार्य कर रही है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे जिला पंचायत सदस्य जुबेर आलम ने कहा कि मृतप्राय स्थिति में पहुंच चुके बैंक को रामनरेश रावत ने अपनी कार्यकुशलता और लगन से पुनर्जीवित किया। वहीं विंध्यवासिनी प्रसाद सहित अन्य वक्ताओं ने भी उनके सरल स्वभाव, ईमानदारी और उत्कृष्ट कार्यशैली की सराहना की।
अपने संबोधन में सेवानिवृत्त शाखा प्रबंधक रामनरेश रावत ने विदाई समारोह आयोजित करने के लिए बैंक परिवार, सहकारिता से जुड़े पदाधिकारियों, कर्मचारियों और स्थानीय नागरिकों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि दुद्धी में मिली जिम्मेदारी को उन्होंने चुनौती नहीं बल्कि अवसर मानकर पूरी निष्ठा और ईमानदारी से बैंक के विकास के लिए कार्य किया।
कार्यक्रम का संचालन मोहम्मद आसिफ जमाल, प्रदेश कर्मचारी संघ महामंत्री ने किया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि ने सहकारिता से जुड़ी विभिन्न संस्थाओं का निरीक्षण भी किया।
समारोह में जितेन्द्र कुमार चन्द्रवंशी, अजय कुमार मिश्र, शशि भूषण सिंह, मोहन प्रसाद, राम अचल, घनश्याम कुशवाहा, प्रमोद यादव, दिलीप तिवारी सहित बैंक के अधिकारी, कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में सहकारिता से जुड़े लोग उपस्थित रहे।

